भारत के परमाणु कार्यक्रम के जनक की मौत का जिम्मेदार कौन?? Was it really the fear of Homi Jehangir Baba's talent that the foreigners conspired for his death??

  भारत के परमाणु कार्यक्रम के जनक की मौत का जिम्मेदार कौन?? 


भारत के परमाणु कार्यक्रम के जनक होमी जहांगीर बाबा !!!

भारत के  प्रमुख वैज्ञानिक जिन्होंने भारत में परमाणु ऊर्जा की कल्पना की थी उन्होंने 1944 में नाभिकीय ऊर्जा पर शोध आरंभ किया, यह तब का वक्त था जब नाभिकीय ऊर्जा के बारे में अधिकतर वैज्ञानिक बहुत कम ही जानते हैं आज भारत के पास वर्तमान में जो परमाणु बिजली घर है या परमाणु विस्फोटक बम हैं, इन परमाणु कार्यक्रम के जनक कहे जाते हैं होमी जहांगीर बाबा यह इतने महान परमाणु वैज्ञानिक थे परंतु नियति को कुछ और ही मंजूर था।

4 जनवरी 1966 को इन्होंने भारत के PMO मंत्रालय में एक रिपोर्ट दिया था जिसमें लिखा गया था कि अगर भारत के परमाणु प्रधानमंत्री इजाजत दें तो यह मात्र 18 महीने में भारत को परमाणु बम बना कर दे सकते हैं भारत को किसी भी देश से डरने की कोई आवश्यकता नहीं है।

    विदेशों की साजिश

     क्योंकि 1966 से ठीक 4 साल पहले 1962 में चीन से एकतरफा हार का सामना करना पड़ा था अगर उस लड़ाई में भारत के पास परमाणु बम रहता तो हम लोग उसे युद्ध में इस्तेमाल कर सकते हैं और 1962 के युद्ध का परिणाम कुछ और रहता और परमाणु शक्ति संपन्न देश से कोई उलझता नहीं है लेकिन PMO मंत्रालय से होमी जहांगीर बाबा की रिपोर्ट को किसी देशद्रोही ने इसकी खबर PMO मंत्रालय से किसी दूसरे दुश्मन देश तक पहुंचा दी थी और ठीक 20 दिन बाद 24 जनवरी 1966 को होमी जहांगीर बाबा यूरोप के देश  ऑस्ट्रिया, जिसकी राजधानी है वियना में समझौता सम्मेलन में शामिल होने के लिए विमान से जा रहे थे। लेकिन अचानक ही माउंट ब्लॉक पर्वत के पास यह विमान बीच में ही दुर्घटनाग्रस्त हो गया और सभी यात्रियों के साथ होमी जहांगीर बाबा की भी इसी हवाई दुर्घटना में मृत्यु हो गई।

     लेकिन किसी ने इस हादसे पर एक कार्यवाही तक नहीं की बाद में जांच करने पर पता चला कि विमान के पिछले भाग में किसी ने एक छोटा सा विस्फोटक लगाया गया था जिससे कि यह छोटा सा विस्फोटक पूरे विमान को असंतुलित कर सके और इसे आसानी से हादसे का रूप दिया जा सके। कि विमान असंतुलित होने के कारण दुर्घटनाग्रस्त हो गया।

    देर से मिला भारत को परमाणु बम

     जिन हाथों में इतनी शक्ति थी, कि भारत को मात्र 18 महीनों में परमाणु बम बना कर दे सकते थे इस दुर्घटना में उन हाथों के टुकड़े टुकड़े हो गए थे शरीर नहीं मांस के टुकड़े उठा कर लाया गया था। पता नहीं किसने PMO मंत्रालय से इस खबर को लीक किया, दिल को तकलीफ तो अपने ही पहुंचाते हैं वरना गैरों को क्या पता कि दिल दुखता कैसे हैं किसी देशद्रोही ने PMO मंत्रालय से होमी जहांगीर बाबा की खबर को लीक किया और भारत के सबसे होनहार परमाणु वैज्ञानिक ने अपनी जान गवा दी। इन्हीं के नाम पर भारत के मुंबई में Bhabha atomic research centre है।

     भारत ने 1976 में स्माइलिंग बुद्धा कोड नाम से परमाणु परीक्षण किया परंतु है असफल रहा। फिर अटल बिहारी वाजपेई के नेतृत्व में 1998 में शक्ति 98 कोड नाम से फिर से परमाणु परीक्षण किया तो उस समय यह परीक्षण कामयाब हो गया। और भारत एक परमाणु संपन्न देश बन गया

    Comments